दिल्ली किसान आंदोलन हिंसा: कंगना ने प्रियंका और दलजीत को जमकर सुनाया


दिल्ली में जो हुआ वो ठीक नहीं हुआ. किसान आंदोलन के नाम पर जमकर तोड़ फोड़ की गयी. पुलिस पर तलवारों से हमला, ट्रैक्टर को चढाने की कोशिश, लाठी और पथ्तर से हमला. इस हमले में करोडो की प्रॉपर्टी बर्बाद हो गयी. 300 से अधिक पोलिसवाले घायल हो गए और कुछ बहुत गंभीर. एक आंदोलनकारी ट्रैक्टर को तेजी से लेकर रेलिंग से टकराया और ट्रैक्टर पलट गयी जिसमे उसकी मौत हो गयी.

लाल किले में तिरंगे झंडे को फेंक दिया गया और अपना झंडा लगा दिया गया. यहाँ तक की उपद्रवियों ने राम मंदिर की उस झांकी को भी तोड़ दिया जो गणतंत्र दिवस परेड के बाद लाल किले के भीतर रखी गयी थीं. क्या ये सचमुच किसान आंदोलन था ? नहीं इस आंदोलन में जितनी देशविरोधी चीज़े की जा सकती थीं वो सब की गयी.

अब इन सभी बातों को लेकर कंगना रनोट ने उन कलाकारों पर निशाना साधा हैं जो इस आंदोलन का समर्थन कर रहे थे. कंगना ने लिखा,”कंगना ने लिखा- दिलजीत दोसांझ और प्रियंका चोपड़ा इसे एक्सप्लेन करने की जरुरत है. आज पूरी दुनिया हमारे ऊपर हंस रही है. ये ही चाहिए था न तुम लोगों को. बधाई

इसके अलावा कंगना ने ट्वीट किया- झंड बनकर रह गए हैं, अनपढ़ गंवार मोहल्लों में किसी के घर शादी या कोई अच्छा त्योहार आए तो जलने वाले ताऊ/चाचा/चाची कपड़े धोना या बच्चों को आंगन में शौच करवाना या खटिया लगाके बीच आंगन में शराब पीकर नंगे हो कर सो जाना, वही हाल हो गया है इस गंवार देश का. शर्म कर लो आज

‘कैसे आज गणतंत्र दिवस के दिन लाल किले पर हमला किया गया है. वहां खालिस्तान का झंडा लहराया गया है. ये साल पूरे देश के लिए कितना मुश्किल रहा. लेकिन आप देख रहे हैं कि कैसे पूरे देश को झुंझलाकर रख दिया है. इन लोगों को जो खुद को किसान कह रहे आतंकी हैं. जो इनको प्रोत्साहन दे रहे हैं और देते आए. इनको सबके सामने तमाशा बनाकर रख दिया है. दुनिया में इसके बाद कुछ भी हमारी इज्जत नहीं रही है. जब भी देखो हम गंवारों की तरह, जब दूसरे देश का कोई आता है. हम बस नंगे होकर बैठ जाते हैं.

ये देश का कुछ नहीं होने वाला है. देश कहीं नहीं जा रहा है. कोई देश को एक कदम आगे ले जाता है ये 10 कदम पीछे ले जाते हैं.मैं तो कहूंगी उन सबको जेल में डालो जो इस कथि‍त किसान आंदोलन का सपोर्ट कर रहे हैं. उनकी संपत्त‍ि के सारे संसाधन छीने जाने चाहिए. सब मजाक बनकर रह गया है.इस देश की सरकार, सुप्रीम कोर्ट सब मजाक बनकर रह गया है.’

किसानों के हिंसक प्रदर्शन पर दलजीत खामोश हैं. जिन जिन लोगो ने कल ये सब किया आज उनकी गिरफ़्तारी की जा रही हैं. कुछ लोगो ने ये भी लिखा की जिस कांग्रेस ने सिखों को 1984 में जलाकर मर दिया. आज वही किसान इन कांग्रेस वालो की बात में आकर खुद का अस्तित्व समाप्त कर रहे हैं.

किसी ने लिखा,”पहले कांग्रेस हिन्दू मुस्लिम पर लड़ाया करती थीं और अब सिख और हिन्दुओं को भी लड़ाने का काम कर रही हैं. कांग्रेस विकास करके नहीं जीत सकती हैं लेकिन विनाश करके जीतना उसे अच्छी तरह आता हैं.

What's Your Reaction?

hate hate
1
hate
confused confused
0
confused
fail fail
0
fail
fun fun
0
fun
geeky geeky
0
geeky
love love
0
love
lol lol
0
lol
omg omg
0
omg
win win
0
win

You may also like

More From: Politics

DON'T MISS